जीवन जीने की कला में प्रोत्साहन व पुरस्कार से आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है
भारत समाचार न्यूज एजेंसी
जंगल धूसड़, गोरखपुर, उत्तर प्रदेश।
जीवन जीने की कला में प्रोत्साहन व पुरस्कार आगे बढ़ते रहने की प्रेरणा देते हैं । जीवन में शिक्षा उतना ही महत्वपूर्ण है जितना शरीर को जिंदा रखने के लिए आक्सीजन के रूप में उर्जा की । उक्त बातें बतौर मुख्य अतिथि वरिष्ठ परामर्श चिकित्सक डा. यूएस तिवारी ने शुक्रवार को जंगल धूसड़ स्थित श्री विरेन्द्र कुमार इंटर कालेज में आयोजित शैक्षिक संगोष्ठी एवं प्रतिभा सम्मान समारोह के दौरान कही । स्वतंत्रता दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में यूपी बोर्ड की परीक्षा में 80 प्रतिशत से अधिक अंक पाने वाली रितिका चौहान, अंशिका निषाद, अनामिका चौहान व प्रिया चौहान को प्रोत्साहन के रूप में पांच-पांच हजार रुपए व 70 प्रतिशत से ऊपर अंक पाने वाले को दो हजार व 60 फ़ीसदी से ज़्यादा अंक पाने वाले को पन्द्रह सौ रुपए का चेक प्रदान किया गया । सांस्कृतिक कार्यक्रम में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले प्रतियोगियों को कलम, डायरी व योगा मैट तथा विद्यालय को भार मापक यंत्र प्रदान की गई । कार्यक्रम की अध्यक्षता प्रबंधन समिति के अध्यक्ष सुधाकर लाल, आभार प्रबंधक प्रभावती वर्मा व संचालन प्रधानाचार्य रेखा तिवारी व चित्रा ने किया । इस अवसर पर साधना श्रीवास्तव, पूर्व उप संपादक उपेन्द्र पाण्डेय, वीके श्रीवास्तव, बबिता, संतोष, अवधेश, विकास, पद्मा दुवे, चन्दा, रजनी, सुनीता, शालिनी, आकांक्षा, विजय लक्ष्मी, कविता व विकास सहित तमाम लोगों ने अपने विचार व्यक्त किए ।