पत्रकार पर हमले में एफआईआर न होने पर इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन ने उठाई आवाज।
सीएम, डीजीपी, प्रेस काउंसिल को ईमेल, दोषी दारोगा के निलंबन की मांग।
गोरखपुर, उत्तर प्रदेश।
झांसी के वरिष्ठ पत्रकार मोहम्मद कलाम कुरैशी पर जानलेवा हमले की FIR दर्ज न करने और आईजीआरएस पर फर्जी निस्तारण के खिलाफ इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन ने मोर्चा खोल दिया है।
राष्ट्रीय अध्यक्ष सेराज अहमद कुरैशी ने पत्रांक IJA/2026/77 के जरिए सीएम, DGP लखनऊ, प्रेस काउंसिल ऑफ इंडिया, एडीजी कानपुर जोन, डीएम व वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक झांसी को ईमेल भेजकर कार्रवाई की मांग की है।
मामला क्या है: 18 अप्रैल 2026 को विशाल, सलमान, अनीस उर्फ अन्नू, अली कुरैशी व अन्य ने पत्रकार कलाम पर लाठी-डंडों व धारदार हथियार से हमला किया। डायल-112 से जान बची। आरोप है कि बिजौली चौकी प्रभारी एसआई पवन जायसवाल ने न मेडिकल कराया, न एफआईआर दर्ज की। 26 अप्रैल को आईजीआरएस पर झूठा निस्तारण कर लिखा "आवेदक उपस्थित नहीं हुआ", जबकि पीड़ित के पास जीपीएस लोकेशन सहित चौकी में मौजूदगी के फोटो साक्ष्य हैं। वीडियो व मेडिकल रिपोर्ट भी विवेचना में शामिल नहीं की गई। 2 मई को तहसील दिवस में एसएसपी व सीओ सदर से शिकायत के बाद भी कार्रवाई नहीं हुई।
इंडियन जर्नलिस्ट एसोसिएशन की मुख्य मांगें:
1. दोषी चौकी प्रभारी पवन जायसवाल को निलंबित कर विभागीय जांच हो।
2. हमलावरों पर BNS की धारा 109, 115(2), 126(2), 351(3) में केस दर्ज हो।
3. पत्रकार मोहम्मद कलाम कुरैशी को सुरक्षा दी जाए।
सेराज अहमद कुरैशी ने कहा कि पत्रकार पर हमला लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर हमला है। यदि सात दिन में कार्रवाई नहीं हुई तो एसोसिएशन राष्ट्रव्यापी आंदोलन करेगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।