योजना का नाम बदलकर, दोबारा काम कराने में राशि गबन की जांच की विधिवत मांग :--वार्ड सदस्य
शहाबुद्दीन अहमद
बेतिया, बिहार।
बैरिया प्रखंड ग्राम पंचायत राज तुमकड़िया के वार्ड संख्या-05 के वार्ड सदस्य, आरजूआलम सहित ग्रामीणों ने मनरेगा प्रखंड कार्यक्रम पदाधिकारी,डीडीसी को आवेदन देकर पंचायत के रोजगार सेवक पर कार्य में अनियमितता,लापरवाही बरतने काआरोप लगाया है। उन्होंने मामले की जांच कर उचित कार्रवाई करने की मांग की है।अपने लिखितआवेदन में वार्ड सदस्य ने कहा है कि उनके वार्ड में मनरेगा योजना से वित्तीय वर्ष 2023-24 में जिस नहर सफाई कार्य हुआ था,उसी नहर की योजना को पुनःयोजना का नाम बदलकर पुनःसफाई का कार्य चल रहा है,यानी मात्र तीन वर्ष केअंदर ही एक ही योजना को 2 बार कराया जा रहा है।आरोप है कि रोजगार सेवक द्वारा संबंधित योजना का नाम बदलकर पुनःफंड निकाला गया,पूर्व में किए गए कार्यों की सही जानकारी नहीं दी गई।वहीआरोप है कि धरातल पर कार्य का कोई अता पता नहीं है।इतना ही नहीं,आरोप है कि मजदूरों का चेहरा का मोबाइल में पहले से वीडियो बनाकर उसी वीडियो से NMMS पर हाजरी बनाई जा रही है।
वहीं ग्रामीणों नेआरोप लगाया है कि योजना के नाम पर सरकारी राशि का दुरुपयोग किया गया है।आवेदन में प्रखंड प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषी पाए जाने पर संबंधित कर्मियों के विरुद्ध कार्रवाई करने की मांग की है।
वहींआवेदन पर पंचायत के मुखिया द्वारा भी टिप्पणी करते हुए मामले की जांच कराने कीअनुशंसा की गई है।अब देखना यह होगा कि इस शिकायत पर प्रशासनिक स्तर पर जांच की जा रही है या नहीं,या मिलीभगत करके सरकारी राजस्व का घोटाला कर लिया जाएगा। इस तरह की कई घटनाएं जिला में मनरेगा योजना केअंतर्गत मिल रही हैं,मगर प्रशासनिक पदाधिकारी मूकदर्शक बने हुए रहते हैं,ऐसा प्रतीत होता है कि जिला अंतर्गत कई प्रखंडों,पंचायत में इस तरह से मिलीभगत करके सरकारी राशि का गबन किया जा रहा है।जिला के पंचायत में मनरेगा योजना को लूट खसोट की योजना की संज्ञा दी जाए तो कोई बुरी बात नहीं होगी। यह कहावत ऐसी ही चरितार्थ हो रही है कि" "तुम भी लूटो,हम भी लुटें लूटने की योजना है।"
इस संबंध में वार्ड सदस्य ने लिखितआवेदन देकर जांच की मांग की है,जो एक सराहनीय कदम है।